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सोरठ  : पुं० [सं० सौराष्ट्र] १. सौराष्ट्र (प्रदेश)। २. उक्त प्रदेश की प्रचीन राजधानी, सूरत। ३. ओड़व जाति का एक राग जो हिडोल का पुत्र कहा जाता है। मुहा०–खुली सोरठ कहना=खुलेआम कहना। कहने मे संकोच या भय न करना।
समानार्थी शब्द-  उपलब्ध नहीं
सोरठ-मल्लार  : पुं० [हिं० सोरठ+मल्लार] सोरठ और मल्लार के योग से बना हुआ एक संकर राग।
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सोरठा  : पुं० [सं० सौराष्ट्र, हिं० सोरठ (देश)] अड़तालीस मात्राओं का एक छंद जिसके पहले और तीसरे चरण मे ग्यारह-ग्यारह और दूसरे तथा चौथे चरण में तेरह-तेरह मात्राएँ होती हैं। इसके समचरणों मे जगण का निषेध है। दोहे के चरणों को आगे पीछे कर देने से सोरठा हो जाता है।
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सोरठी  : स्त्री० [सोरठ (देश)] संगीत में एक रागिनी जो मेघराग की पत्नी कही गई है। वि० सोरठा संबंधी सोरठ का।
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